सतना जिला अस्पताल में तीन वर्षों से सर्विसिंग नहीं होने पर दोनों पीएसए ऑक्सीजन प्लांट बंद कर दिए गए। फिलहाल एलएमओ प्लांट से ऑक्सीजन सप्लाई जारी है, लेकिन तकनीकी खराबी की स्थिति में मरीजों पर संकट गहरा सकता है।
सतना जिला अस्पताल के पीएनसी वार्ड में पुरुषों की भीड़ से प्रसूताओं की निजता और सुरक्षा खतरे में है। अव्यवस्था, गेट पास बंद और अटेंडरों की अनियंत्रित संख्या से संक्रमण और विवाद की आशंका बढ़ी।
सतना के टिकरिया गांव में खेलते समय 6 वर्षीय अमन रावत सरिया पर गिरकर गंभीर घायल हो गया। जिला अस्पताल में मेडिकल कॉलेज टीम ने तत्काल ऑपरेशन कर मासूम की जान बचाई, हालत स्थिर है।
सतना जिला अस्पताल में 400 बिस्तरों पर मरीजों का दबाव बढ़ गया है। नर्सिंग स्टाफ की कमी, छुट्टियां और उच्च शिक्षा के लिए अवकाश से स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता प्रभावित होने लगी है।
सतना जिला अस्पताल में हीमोफीलिया मरीजों के लिए हब सेंटर संचालित है। सात जिलों के 72 मरीजों को मुफ्त इंजेक्शन, डे केयर सेंटर और विशेषज्ञ निगरानी की सुविधा मिल रही है।
सिंगरौली जिला अस्पताल में डॉक्टरों की कमी और अनुपस्थिति से मरीज परेशान, आरोप है कि सरकारी डॉक्टर निजी क्लीनिकों में व्यस्त, इलाज न मिलने से नाराजगी बढ़ी, स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठे
सतना जिला अस्पताल में सर्जरी के दौरान नाइट्रस ऑक्साइड सिलेंडर खत्म होने पर उधार से ऑपरेशन पूरा किया गया। लगातार कमी से डॉक्टर नाराज, ओटी बंद करने की चेतावनी दी गई है।
सतना जिला अस्पताल के मुख्य द्वार पर लगा काऊ कैचर अव्यवस्थित होकर एम्बुलेंस और वाहनों के लिए खतरा बन गया है, कई हादसे होते-होते बचे, प्रबंधन और ठेकेदार की लापरवाही उजागर हुई।
सतना जिला अस्पताल की पहली मंजिल पर एक साल पहले लगी टाइल्स उखड़ने लगी हैं, जिससे मरीजों की सुरक्षा पर खतरा बढ़ गया है और निर्माण गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
सतना जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में रक्त की भारी कमी, केवल 5 यूनिट शेष। कई जरूरी ब्लड ग्रुप खत्म होने से आपात स्थिति का खतरा बढ़ा, स्वास्थ्य अधिकारी ने रक्तदान कर लोगों से अपील की।






















